Mallikarjun Kharge Gujarat remark को लेकर उठे विवाद के बीच कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने बुधवार को अपने बयान पर खेद जताया है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य कभी भी गुजरात के लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था और वे राज्य के नागरिकों का हमेशा सम्मान करते रहे हैं।
🗣️ बयान पर सफाई और खेद
सोशल मीडिया पर जारी संदेश में खरगे ने कहा कि उनके हालिया चुनावी भाषण के कुछ हिस्सों को गलत तरीके से पेश किया गया है।
उन्होंने कहा कि फिर भी यदि किसी को ठेस पहुंची है, तो वह इसके लिए ईमानदारी से खेद व्यक्त करते हैं।
⚠️ कैसे शुरू हुआ विवाद
दरअसल, 5 अप्रैल 2026 को केरल में चुनावी रैली के दौरान खरगे ने गुजरात के लोगों को लेकर एक टिप्पणी की थी, जिससे विवाद खड़ा हो गया।
उन्होंने कहा था कि कुछ लोग जनता को गुमराह कर सकते हैं, लेकिन केरल के लोग ज्यादा जागरूक और शिक्षित हैं।
इस बयान को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया।
🎯 भाजपा का तीखा हमला
भारतीय जनता पार्टी ने इस बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी और इसे अपमानजनक बताया।
भाजपा नेताओं ने खरगे से सार्वजनिक माफी की मांग की और कांग्रेस के अन्य वरिष्ठ नेताओं से भी इस मुद्दे पर स्थिति स्पष्ट करने को कहा।
🧭 राजनीतिक बयानबाजी तेज
इस मुद्दे के बाद सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी और तेज हो गई है।
जहां कांग्रेस इसे गलत तरीके से पेश किया गया बयान बता रही है, वहीं भाजपा इसे जनता का अपमान करार दे रही है।
🔍 आगे क्या असर पड़ेगा?
आने वाले चुनावों के मद्देनजर यह विवाद राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है।
अब देखना होगा कि इस बयान का चुनावी समीकरणों पर कितना प्रभाव पड़ता है।












